भारत सांस्कृतिक विरासत खजाना, सरकार इसके संरक्षण के लिए उठा रही है बड़े कदम

भारत सांस्कृतिक विरासत खजाना, सरकार इसके संरक्षण के लिए उठा रही है बड़े कदम

भारत सांस्कृतिक विरासत खजाना, सरकार इसके संरक्षण के लिए उठा रही है बड़े कदम

भारत की सांस्कृतिक विरासत, स्मारकों, पुरावशेषों, पांडुलिपियों और ऐतिहासिक स्थलों से सुशोभित है। ये संरचनाएं और वस्तुएं केवल अतीत के अवशेष मात्र नहीं हैं; ये सामूहिक स्मृति, विरासत में मिले ज्ञान और पीढ़ियों को जोड़ने वाली निरंतरता की भावना को दर्शाते हैं। इनके संरक्षण के लिए पिछले दशक में नए सिरे से काम किया जा रहा है। इस कड़ी में पर्यटन, स्थानीय आजीविका और सांस्कृतिक से जुड़ी पहलें शुरू की गई हैं। सरकार ने बताया है कि भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण, तीन हजार से अधिक स्मारकों का सरंक्षण करता है।

राष्ट्रीय विरासत डेटाबेस के माध्यम से विरासत और स्मारकों के संरक्षण में व्यापक प्रगति हुई है। भारत ने 44 यूनेस्को विश्व धरोहर स्थल हैं।

संग्रहालय अनुदान योजना, संग्रहालयों की स्थापना, उनके आधुनिकीकरण और डिजिटलीकरण, बुनियादी ढांचे को मजबूत करने और कलाकृतियों के संरक्षण से जुड़े कार्यों को गति प्रदान कर रही है।